धर्मपुर उपमंडल के जनप्रतिनिधियों ने बुलंद की धर्मपुर को जिला बनाने की मांग

 

स्वतंत्र हिमाचल
( धर्मपुर) डी आर कटवाल

पिछले 10 वर्षों से हिमाचल प्रदेश में जिलों के गठन का मुद्दा चुनावों के अंतिम वर्ष ही सामने आने लगता है हालांकि पिछले चार वर्ष पहले भी चुनावों के वक्त यह मुद्दा उठा था लेकिन चुनाव संपन्न होते ही यह मुद्दा ठंडे बस्ते में पड़ गया और अब जब हिमाचल प्रदेश में निकट भविष्य में चुनाव आने वाले हैं तो एक बार फिर यह मुद्दा जवलंत हो रहा है। सोशल मीडिया में जिले बनाने संबंधी बातें सामने आ रही है धर्मपुर भी इससे पिछे नहीं रहा और जिला परिषद सदस्य लौंगणी वार्ड जगदीश चन्द बिट्टा, पंचायत समिति अध्यक्ष धर्मपुर राकेश कुमार, धर्मपुर पंचायत प्रधान ज्योति देवी, सरसकान पंचायत प्रधान उमेश ठाकुर, बहरी पंचायत प्रधान पूजा देवी, तनहेड़ पंचायत प्रधान दलेर सिंह, बनाल पंचायत प्रधान डोली देवी, लौंगणी पंचायत प्रधान मीना देवी,सिधपुर पंचायत प्रधान रीता देवी, समौड़ पंचायत प्रधान प्रताप सकलानी, सकलाना पंचायत प्रधान सुरेंद्र कुमार,भारतीय किसान संघ प्रांत युवा प्रमुख अजीत सिंह सकलानी व सोशल मीडिया एक्टीविष्ट डाक्टर चन्द्र कांत शर्मा इत्यादि जनप्रतिनिधियों व समाजसेवीयों ने भी एक सुर में सुर मिलाकर धर्मपुर को जिला बनाने की मांग बुलंद की है।

उदाहरण के तौर पर धर्मपुर क्षेत्र के अंतिम छोर संधोल व दूसरी तरफ जोगेंद्र नगर क्षेत्र के अंतिम छोर लड़ भड़ोल जैसे क्षेत्र के लोगों को जिला मुख्यालय में जाने के लिए 100 से 120 किलोमीटर की दूरी तय करनी पड़ती है उसी तरह से सरकाघाट की बात की जाए तो सरकाघाट उपमंडल के बलद्वाड़ा हल्के के लोगों को भी मंडी के लिए लगभग 70 किलोमीटर का सफर तय करना पड़ता है इन सब बातों को मद्देनजर रखते हुए उपरोक्त जनप्रतिनिधियों ने कहा कि नए जिले का गठन अगर हो तो वह धर्मपुर के नाम पर हो और धर्मपुर में जिला बनाया जाना इन सभी क्षेत्रों के लिए मध्य क्षेत्र बनता है उन्होंने कहा कि जो इंफ्रास्ट्रक्चर धर्मपुर के पास है वह सरकाघाट के पास नहीं है इसलिए अगर नए जिलों की घोषणा होती है तो धर्मपुर उनमें से एक होना चाहिए।उन्होंने कहा कि धर्मपुर विधानसभा क्षेत्र के लोगों ने कई वर्षों तक बहुत कष्ट सहे हैं भौगोलिक दृष्टि से धर्मपुर विधानसभा क्षेत्र एक बहुत दुर्गम क्षेत्र है कांगड़ा और हमीरपुर की सीमाओं में रहने वाले लोगों को मंडी जाने के लिए बहुत दूरी तय करनी पड़ती है । सरकाघाट धर्मपुर और जोगेंद्रनगर की बात की जाए तो इन तीनों विधानसभा क्षेत्रों का मध्य क्षेत्र ही धर्मपुर बनता है वैसे भी जोगिंदरनगर से धर्मपुर 40, लड भड़ोल से 35, बलद्वाड़ा से 45, संधोल से 35,और सरकाघाट से 24 किलोमीटर की दूरी बनती है। उपरोक्त जनप्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री ठाकुर जयराम व स्थनीय विधायक एवं काबिना मन्त्री ठाकुर महेंद्र सिह से मांग की है कि आने वाले समय में अगर जिलों का गठन होता है तो धर्मपुर को जिला बनाया जाए।

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