मत्स्य विभाग की लापरवाही से गोविंद सागर के मछुआरों का धंधा हुआ चौपट : देसराज मोदगिल

(बंगाणा )राकेश राणा
हिमाचल प्रदेश की कुटलैहड़ विधानसभा क्षेत्र के तहत पडते गोविंद सागर में मछली पकड़ने का कारोबार कर रहे करीब 2000 मछुआरों का मछली पकड़ने का कारोबार 4 दिन से ठप पड़ा है मत्स्य विभाग हर वर्ष 31 मार्च से पहले पहले मछली विपणन के लिए टेंडर कर देता था परंतु इस बार विभाग की लापरवाही के कारण यह टेंडर नहीं हो सका, जिसके चलते मछली पकड़ने की अनेक सोसाइटीयों का विपणन का प्रबंध ना होने के कारण सभी मछुआरों को कारोबार बंद करना पड़ा जिसके कारण इसी कारोबार से अपनी आजीविका कमाने वाले करीब 2000 परिवार भयंकर संकट में आ गए है अपनी प्रेस वार्ता में जिला कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष एवं राष्ट्रीय किसान संगठन के राष्ट्रीय महामंत्री देशराज मोदगिल ने कहा की बड़ी हैरानी की बात है कि 1 अप्रैल से मछली पकड़ने का कारोबार ठप है परंतु सरकार और संबंधित विभाग पर इसका कोई असर नहीं है
 मोदगिल ने कहा कि हर वर्ष ऑफलाइन टेंडर होते थे परंतु इस बार ऑनलाइन टेंडर किए गए, विभाग ने इनको हल्के से लेते हुए कोई परवाह नहीं की और मछली विपणन का कोई भी सुनिश्चित प्रबंध नहीं हो पाया
 हमें यह भी शक है कि इसके पीछे कोई साजिश भी हो सकती है इससे पहले भी लोगों के विरोध के बावजूद सरकार ने मत्स्य मछली पकड़ने व विपणन  करने का कार्य एक बाहर की कंपनी को सौंप दिया था और कुछ ही समय बाद वह कंपनी काम छोड़ कर चली गई
 मोदगिल ने कहा कि गोविंद सागर झील से बिलासपुर और ऊना कुटलहर के हजारों लोगों के रोजगार जुड़े हैं  हमारी कृषि मंत्री जी बोल रहे हैं कि गोविंद सागर झील हमारी धरोहर है,परंतु इस गोविंद सागर झील का लाभ केवल हरियाणा और पंजाब को मिला है हमारे लोगों को तो विस्थापन का दंश ही झेलना पड़ा है इसके पानी का सिंचाई के रूप में लाभ भी हरियाणा और पंजाब को मिला है जमीन हमारे लोगों की गई है परंतु हमारी सरकार इस झील से कोई भी उठाउ सिंचाई योजना नहीं बना सकी है
 इन दिनों सरकार इस झील पर पर्यटन का विकास करने का दावा कर रही है मोटर बोट और शिँगारे चलाने के दावे किए जा रहे हैं परंतु मौजूदा सरकार की बन रही इस योजना से भी लग रहा है कि इसका लाभ भी अपने क्षेत्र के लोगों को नहीं मिलेगा बाहर के क्षेत्र के बड़े लोग ही इस योजना का लाभ उठाएंगे
 हम सरकार और विशेषकर हमारे कृषि मंत्री जी से मांग करते हैं कि मछली विपणन की समस्या को तुरंत सूल झाया जाए और पर्यटन के विकास के लिए बनाई जा रही गोविंद सागर झील में योजना की नीति भी इस तरह से तैयार की जाए जिससे कुटलहर व बिलासपुर जिला के विस्थापित इसका लाभ उठा सकें
 मोदगिल ने कहा कि यदि सरकार इसका जल्दी समाधान नहीं कर पाती है तो कांग्रेस पार्टी को आंदोलन करने पर विवश होना पड़ेगा  पत्रकार वार्ता में रतन चंद शर्मा, रमन शर्मा सेवानिवृत्त सहायक अभिनेता , अरुण भारद्वाज, रविंद्र फौजी  पूर्व ब्लाक कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष, राजकुमार, रमेश चंद, कृष्ण कुमार मोहम्मद रफी राजकुमार संजीव कुमार गरीबदास प्रेमचंद कुशल कुमार तरसेम चंद राकेश कुमार प्रकाश चंद ओम प्रकाश  सुरेंद्र ठाकुर आदि भी शामिल थे मोदगिल ने कहा कि यह सरकार का हमारे मंत्री लोगों की समस्याओं का समाधान करने में पूरी तरह से विफल रहे अब यह सरकार चाय पीने के पानी की समस्या हो या आवारा पशुओं की समस्या या बेरवा रोजगार नौजवानों को रोजगार देने की समस्या को यदि यह पिछले साढे 4 वर्ष में हल नहीं कर पाई तो अब यह हाल कर भी नहीं सकती अब इन समस्याओं का हल तो आने वाली कांग्रेस सरकार ही करेगी
 सरकार ने जो संपर्क से समर्थन यात्रा चलाई है वह भी लोगों को भ्रमित करने के लिए एक चुनावी स्टंट है परंतु अब लोग समझ चुके हैं और इनके किसी भ्रम जाल में फंसने वाले नहीं। लोगों ने अब परिवर्तन का मूड बना लिया है और आने वाले चुनाव में हिमाचल के साथ-साथ फुटलैंड में भी परिवर्तन होगा।

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